“दुर्गुणों का नाश ही मां दुर्गा का स्वरूप है” — पिथौरा में देवी भागवत कथा में उमड़ा श्रद्धा का सैलाब।
पिथौरा:- नगर के हृदय स्थल मंदिर चौक में आज कलश यात्रा के साथ श्रीमद् देवी भागवत कथा का भव्य शुभारंभ हुआ। इस पावन अवसर पर नगर सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी श्रद्धालु शामिल हुए। ग्राम सभा शीतला समाज के साथ समस्त पिथौरा नगरवासी कलश यात्रा में सहभागी बने और वातावरण भक्ति से सराबोर हो गया।
कथा वाचक पंडित अभिनव शुक्ला ‘दद्दू महाराज’ ने प्रथम दिवस आदि शक्ति मां दुर्गा के स्वरूप पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि मां दुर्गा वह शक्ति हैं जो मनुष्य के भीतर बसे दुर्गुणों का नाश करती हैं। वहीं मां महामाया उस शक्ति का स्वरूप हैं जो लोभ, मोह और माया जैसे बंधनों से मानव को मुक्त करती हैं।
पंडित दद्दू महाराज ने कथा के माध्यम से बताया कि शक्ति की उपासना आत्मशुद्धि और जीवन में सकारात्मक परिवर्तन का मार्ग प्रशस्त करती है। श्रीमद् देवी भागवत कथा 17 जनवरी तक निरंतर चलेगी, जिसमें मां महाकाली, मां महालक्ष्मी और मां दुर्गा के विभिन्न स्वरूपों का भावपूर्ण वर्णन किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि पिथौरा के इतिहास में देवी भागवत कथा का आयोजन पहली बार किया जा रहा है, वहीं यह श्रीमद् देवी भागवत ज्ञान यज्ञ कथा का तृतीय वर्ष है। कथा में सभी समाजों के लोगों की सहभागिता ने आयोजन को और भी ऐतिहासिक और भव्य बना दिया।

