करोड़ों के धान घोटाले में बम्हनी केंद्र प्रभारी गिरफ्तार, किसानों के 3742 क्विंटल धान गबन का आरोप।
महासमुंद।
महासमुंद जिले में धान खरीदी से जुड़े एक बड़े आर्थिक घोटाले का खुलासा हुआ है। धान उपार्जन केंद्र बम्हनी में करोड़ों रुपये के धान गबन मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए केंद्र प्रभारी गंगाधर जगत को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। आरोपी पर किसानों के हक के 3,742 क्विंटल यानी 9,355 कट्टे धान के गबन का आरोप है। इस पूरे मामले में लगभग 1 करोड़ 16 लाख रुपये के घोटाले का खुलासा हुआ है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, महासमुंद जिले में आर्थिक अपराध, भ्रष्टाचार और सरकारी संपत्ति के गबन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में थाना बसना में जिला सहकारी केंद्रीय बैंक मर्यादित पिरदा के शाखा प्रबंधक उसत कुमार प्रधान द्वारा लिखित शिकायत दर्ज कराई गई थी।
शिकायत में बताया गया कि धान उपार्जन केंद्र बम्हनी, जो प्राथमिक कृषि साख सहकारी समिति आरंगी के अंतर्गत संचालित है, वहां 16 मई 2026 को प्रशासनिक जांच दल द्वारा भौतिक सत्यापन किया गया। जांच के दौरान केंद्र में 3,742 क्विंटल मोटा धान कम पाया गया। समर्थन मूल्य और कृषक उन्नति योजना की राशि को मिलाकर इस धान की कुल कीमत 1 करोड़ 16 लाख 200 रुपये आंकी गई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए थाना बसना में अपराध क्रमांक 281/2026 के तहत धारा 316(5) बीएनएस के अंतर्गत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई। जांच के दौरान पुलिस टीम ने तत्कालीन केंद्र प्रभारी गंगाधर जगत से पूछताछ की। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया।
पुलिस ने जांच रिपोर्ट और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपी गंगाधर जगत को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस का कहना है कि मामले में अन्य लोगों की संलिप्तता की भी जांच की जा रही है और जल्द ही अन्य आरोपियों पर भी कार्रवाई हो सकती है।
गिरफ्तार आरोपी
गंगाधर जगत, पिता दुर्जन सिंह जगत, उम्र 37 वर्ष, निवासी ग्राम दलालखार, थाना बसना, जिला महासमुंद (छत्तीसगढ़)।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा तथा दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।
